रुड़की। ( आयुष गुप्ता ) राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ रुड़की द्वारा आनंद स्वरुप आर्य सरस्वती विद्या मंदिर में आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए जिला कार्यवाह त्रिभुवन ने कहा कि मकान की भव्यता हमें दिखाई देती हैं, लेकिन उसकी मजबूती नींव पर निर्भर होती हैं, जो दिखाई नहीं देती। राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ को इस उंचाई पर पहुंचने वाले कार्यकर्ता पद, परिवार, प्रतिष्ठा, प्रसिद्धि, मंच, माला, माईक से दूर रहकर कार्य करते हैं। स्वयं कार्य करते है और श्रेय दूसरों को देते हैं। उन्होंने दिवंगत वरिष्ठ कार्यकर्ताओं के बारे में वर्णन करते हुए उनका अनुसरण करने का आग्रह किया। जिसमें इंजी. भारत भूषण, बृज भूषण, मुकेश आर्य, ब्रह्मदत्त, संदीप आर्य, आर्य कुमार, डॉ. श्याम बिहारी लाल गुप्ता, सोम प्रकाश गुप्ता, राजाराम, हुकम सिंह रोड़, वेद्य लाल सिंह, राम दयाल, जगमोहन दास गर्ग, रामकुमार शर्मा, रुप किशोर महेश्वरी के कार्यों का वर्णन किया। उन्होंने कहा कि संघ का कार्य समाज का हैं तथा समाज का कार्य भगवान का कार्य होता हैं। संघ का उद्देश्य व्यक्तित्व निर्माण कर भारत माता को परम वैभव पर ले जाना हैं। इसके लिए समाज की शक्ति को संगठित कर राष्ट्र निर्माण में लगाना होगा। इस दौरान स्वयंसेवकों ने संघ कार्य को जीवन में प्राथमिकता देने का संकल्प लिया।